*डीएम को दिया सेरा -मालकोटी के ग्रामीणों ने दो सूत्रीय मांगों का ज्ञापन*
*मांग पूरी न होने पर ,01मई से करेगे तहसील पोखरी में आंदोलन*
पुष्कर पर्वत न्यूज/राजेन्द्रअसवाल:
पोखरी(चमोली)
विकास खंड के अति दुर्गम गांव सेरा-मालकोटी के ग्रामीणो ने जिलाधिकारी चमोली-को दो सूत्रीय मांगो का ज्ञापन प्रेषित किया है, ज्ञापन में कहा गया है, कि सबसे दुर्गम व दूर सेरा- मालकोटी के लिए गत 15 वर्षो से रौता से पांच किमी0 सड़क का प्रथम चरण का कार्य पूरा होने के बाद वित्तीय स्वीकृति तथा वर्ष 1999 में आये विनाशकारी भूकंप से खतरा होने पर भूवैज्ञानिक की रिपोर्ट के अनुसार गांव के 47 परिवावारो को तहसील प्रशासन पोखरी ने गांव से कुछ दूरी पर वन विभाग की भूमि में विस्थापित किया था, तब से अब तक भूमि हस्तांतरण न होने से वन विभाग अतिक्रमण का नोटिस उनकी मकानो पर चस्पा कर रहा है, जबकि यहां पर जल जीवन मिशन के तहत लाखो की योजना बनी है, विधुतीकरण हो रखा है। और अब वन विभाग ग्रामीणो को अतिक्रमण के नाम पर बेदखल करना चाहता है, ज्ञापन मे यह भी कहा गया है कि ग्रामीणो ने पहले भी इन दोनो मांग के लिए वोट का विरोध कर चुके थे,इस पर शासन/प्रशासन द्वारा ग्रामीणों की मांग को पूरा करने का आश्वासन दिया था। परन्तु अभी तक मांग पूरी नही हुई है।
ग्रामीणो ने ज्ञापन में कहा है,कि यदि तत्काल प्रभाव से ग्रामीणो की दोनो मांगे पूरी नही की गयी तो, ग्रामीण पंचायत चुनाव में मतदान का विरोध करेगे। तथा पहली मई से तहसील पोखरी में आंदोलन एवं अनशन करने को बाध्य होंगे।
ज्ञापन में प्रशासक भरत सिंह नेगी,रघुवीर सिंह, सरपंच मनोज सिंह भंडारी , युवक मंगल दल अध्यक्ष वीएस भंडारी,शारदा देवी,पूनम देवी,कलावती देवी,,तारा देवी,अनिता देवी ,कुन्दन सिंह सहित कई लोगो के हस्ताक्षर है।


